जनता दर्पण (संवाददाता)
इटावा। जनपद मे अपराध एवं अपराधियों के विरुद्ध वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक इटावा आकाश तोमर द्वारा चलाए जा रहे अभियान के क्रम एवं अपर पुलिस अधीक्षक नगर इटावा तथा क्षेत्राधिकारी नगर के नेतृत्व में थाना सिविल लाइन पुलिस द्वारा पैसों के उधार को लेकर हुयी युवक की हत्या की घटना का सफल अनावरण करते हुए हत्या के 01 मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया।
घटना का संक्षिप्त विवरण : दिनांक 07/08.11.2020 की रात्रि को थाना सिविल लाइन पुलिस टीम को एक युवक की लाश राहतपुरा गॉव के पास रेलवे ट्रैक पर मिली थी जिसके शरीर पर कई चोटों के निशान थे जिसकी शिनाख्त रंजीत उर्फ मोनू पुत्र अहिवरन निवासी राहतपुरा थाना सिविल लाइन इटावा के रुप में हुयी। परिवारीजनों से मृतक के संबंध पूछताछ की गयी तो परिवारीजनों द्वारा बताया गया कि दिनांक 07.11.2020 को मेरे पुत्र रंजीत को गॉव का उसका मित्र छोटे पुत्र जगन्नाथ अपने साथ लेकर गया था तथा मेरे द्वारा अपने पुत्र रंजीत से रात्रि 09 बजे फोन पर वार्ता की गयी तो उसके द्वारा बताया गया कि मै अपने मित्र छोटू के घर पर कुछ पैसो के लेनदेन के लेकर बातचीत कर रहा हू तथा मेरी छोटू के पिता जगन्नाथ से पुरानी रंजिश चली आ रही है एवं मेरे पुत्र की हत्या छोटू, सोनू तथा इनके पिता जगन्नाथ द्वारा द्वारा मिलकर की गयी है तथा सोनू एक शातिर किस्म का अपराधी जो पूर्व में जेल जा चुका है। वादी की तहरीर के आधार पर थाना सिविल लाइन पर मु0अ0स0 436/2020 धारा 302,201 भादवि अभियोग पंजीकृत किया गया था। उक्त प्रकरण पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक इटावा द्वारा तत्काल संज्ञान लेते हुए अभियुक्तों की गिरफ्तारी हेतु क्षेत्राधिकारी नगर के नेतृत्व में थाना सिविल लाइन से पुलिस टीम का गठन किया गया। दिनांक 30.11.2020 को पुलिस टीम द्वारा कम्पनी गार्डन के गेट पर संदिग्ध व्यक्ति/वाहन चैकिंग की जा रही थी तभी मुखबिर द्वारा सूचना दी गयी कि मु0अ0स0 436 /2020 से संबंधित हत्या का मुख्य अभियुक्त सोनू पुत्र जगन्नाथ निवासी ग्राम राहतपुरा थाना सिविल लाइन जो राहतपुरा से सरैया की ओर जाने वाले सडक के तिराहे पर खडा है मुखबिर की सूचना के आधार पर पुलिस टीम द्वारा सरैया तिराहे पर पहुची तो पुलिस टीम को वहॉ खडे युवक द्वारा भागने का प्रयास किया तो पुलिस टीम द्वारा सरैया तिराहे के पास भूप उत्सव गार्डन के पास से गिरफ्तार कर लिया गया।
गिरफ्तार अभियुक्त द्वारा पुलिस पूछताछ में बताया कि मेरे द्वारा रंजीत से 73000 रुपये उधार लिए गए थे जिन्हे रंजीत द्वारा बार- बार मांगा जा रहा था इसी लिए दिनांक 07/08.11.2020 की रात्रि को मेरा भाई छोटू किसी बहाने से अपने घर बुला लाया था जहॉ पर मेरे द्वारा रंजीत को शराब पिलाई गयी थी तथा जब वह अत्यधिक नशे मे हो गया तो मेरे द्वारा उसका गला दबाकर हत्या कर उसके शव को राहतपुरा गॉव के पास रेलवे ट्रैक पर फेंक दिया था।